सरकारी स्कूल में रेडक्रॉस की प्रदर्शनी बस का आगमन

177 Views

फरीदाबाद ! राजकीय कन्या वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय एन एच तीन फरीदाबाद में रेडक्रॉस सोसायटी हरियाणा द्वारा भारतीय रेडक्रास की कल्याणकारी गतिविधियों से संबंधित बस का आगमन हुआ। विद्यालय के प्राचार्य रविन्द्र कुमार मनचन्दा और समस्त स्टाफ एवम् सभी छात्राओं ने रेडक्रॉस की कल्याणकारी गतिविधियों की जानकारी ली। प्राचार्य रविन्द्र कुमार मनचन्दा ने बताया कि यह बस जो कि रेडक्रॉस हरियाणा की विभिन्न गतिविधियों की विस्तृत जानकारी दे रही है, जिला मुख्यालय फरीदाबाद से सब से पहले राजकीय कन्या वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय एन एच तीन फरीदाबाद में पहुंची और विद्यालय परिवार ने प्रदर्शनी बस और सभी अधिकारियों का जोरदार स्वागत किया। उन्होने कहा कि  भारतीय रेडक्रास की स्थापना 1920 में हुई थी। इसलिए भारतीय रेडक्रास के 100 वर्ष पूर्ण होने पर तीन बसें राज्यपाल हरियाणा द्वारा चंडीगढ़ से रवाना की गई हैं। यह बसें राज्य के सभी जिलों में जनता को रेडक्रास एवं सेंट जॉन एंबुलेंस की ओर से चलाई जा रही कल्याणकारी गतिविधियों की जानकारी दे रही हैं।

उन्होने बताया कि इस संस्था के गठन का उद्देश्य युद्ध और प्राकृतिक आपदा जैसी आपातकालीन परिस्थितियों में पीड़ितों की मदद करना है। भारत में रेड क्रॉस सोसायटी की स्थापना 1920 में पार्लियामेंट्री एक्ट के तहत की गई थी। शुरुआत में इस संस्था का नाम “इंटरनेशनल कमिटी फॉर रिलीफ टू द वाउंडेड” रखा गया। इस का नारा है। अपने अन्दर के स्वयं सेवक को पहचाने। सफेद पट्टी पर लाल रंग का क्रॉस का चिन्ह इस संस्था का निशान है। रेड क्रॉस चिन्ह का गलत इस्तेमाल करने पर 500 रुपये जुर्माना लगाया जाता है और उस व्यक्ति की संपत्ति भी ज़ब्त की जा सकती है। केवल युद्ध से प्रभावित लोगों के लिए ही नहीं, बल्कि प्राकृतिक आपदा से प्रभावित लोगों के पुनर्वास में भी रेड क्रॉस का महत्वपूर्ण योगदान है। प्राचार्य रविन्द्र कुमार मनचन्दा ने कहा कि वर्तमान में विश्व के कुल 210 देश रेड क्रॉस सोसाइटी से जुड़े हुए हैं। संस्था के सदस्य निस्वार्थ भाव से मानव सेवा का काम करते हैं। वे ज़रूरत पड़ने पर गॉंवों और शहरों में एंबुलेंस सेवाएं और दवाइयां पहुंचाने का काम करते हैं। रेड क्रॉस सोसाइटी द्वारा समय-समय पर रक्तदान शिविरों का आयोजन भी किया जाता है और लोगों को रक्तदान के लिए जागरूक किया जाता है। यह संस्था लोगों को कैंसर, एनीमिया, थैलीसीमिया जैसी जानलेवा बीमारियों से बचाव के तरीके के बारे में जागरूक करती है। भारत में वर्ष 1942 में कलकत्ता के ऑल इंडिया इंस्टिच्यूट ऑफ हाइजीन एंड पब्लिक हेल्थ के अधीन भारतीय रेड क्रॉस सोसाइटी द्वारा पहला ब्लड बैंक स्थापित किया गया।

वर्ष 1977 में भारतीय रेड क्रॉस सोसाइटी हेडक्वार्टर द्वारा प्रत्यक्ष रूप से ब्लड बैंकों का संचालन किया जाने लगा और इसके तहत विभिन्न राज्यों में भी इसकी शाखाएं स्थापित की गईं। रेडक्रॉस सोसायटी द्वारा प्रेषित बस में इन सभी गतिविधियों से संबंधित वीडियो भी छात्राओं को दिखाया गया। इस से पूर्व बस के विद्यालय में पहुंचने पर प्राचार्य व सैंट जॉन एम्बुलेंस इंडिया के सर्व मास्टर ट्रेनर रविन्द्र कुमार मनचन्दा, वरिष्ठ प्रवक्ता सुंदर लाल, प्रेमदेव यादव, संजय मिश्रा, सूबे सिंह, मनीषा, मोनिका, पूनम, रेखा सहित सभी अध्यापकों ने रेडक्रॉस सोसायटी फरीदाबाद के सचिव विकास कुमार, सहसचिव बिजेंद्र सिंह सोरोत, पूर्व सचिव बी बी कथूरिया, सर्व मास्टर ट्रेनर दर्शन भाटिया, रोटरी क्लब से प्रेसिडेंट जयसिंह सहदेव, रेडक्रॉस के स्वयंसेवकों और साथ में आए सोशल वर्कर्स का भव्य स्वागत किया। बालिकाओं ने कहा कि वे भी रक्तदान, प्राथमिक चिकित्सा, स्वास्थ्य, सेवा, मित्रता जैसे रेडक्रॉस के मूल सिद्धांतो के प्रचार और प्रसार में विद्यालय के प्राचार्य और अध्यापकों के निर्देशन में बढ़ चढ़ कर भागीदारी करेंगी।

Spread the love
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *