कूड़ा-कर्कट बीनने वाले बाल व महिला श्रमिकों एवं कबाडिय़ों को मूलभूत सुविधाएं दी जाए : प्रोफेसर दिनेश अबराल

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नई दिल्ली (मदन लाहौरिया) 3 अक्टूबर। नई दिल्ली में सेंटर फॉर सोशल डिवलपमेंट लोधी एस्टेट में अखिल भारतीय कबाड़ी महासंघ, अलायंस ऑफ इंडियन वेस्ट वर्कर्स, जनविकास सोसायटी, ह्यूमन हेल्प फाउंडेशन, बाल विकास धारा तथा जवाहर लाल नेहरू विश्वविद्यालय के टी आर सी एस एस विभाग की और से देश भर में कूड़ा कर्कट उठाने में लगे श्रमिकों की मूलभूत सुविधाओं व आवश्यकताओं को लेकर एक कार्ययोजना तैयार करने के लिए एक सेमीनार का आयोजन किया गया! सेमीनार को संबोधित करते हुए प्रोफेसर दिनेश अबराल ने कहा कि आज वर्तमान में दिल्ली व आसपास के इलाकों में कूड़ा बीनने वाले श्रमिकों व कबाडिय़ों की हालात बहुत खराब है व भारत की केंद्रीय सरकार व प्रदेश की सरकार इस तरफ कोई भी ध्यान नहीं दे रही!

उन्होंने बताया कि कूड़ा बीनने वालों को कोई मान्यता नहीं दी गई! कूड़ा बीनने वाली महिलायें अपने आप को असुरक्षित महसूस करती हैं क्यों कि समय समय पर पुलिस प्रशासन उन्हें तंग करता है! कूड़ा बीनने वालों व कबाडिय़ों के एक अलग से आई डी पहचान पत्र बनाये जाये! उनके स्वास्थ्य के लिए सरकारी सुविधाएं उपलब्ध करवाई जाये! कूड़ा बीनते बीनते उनके हाथों व पावों में गंभीर रोग हो जाते हैं! इन गंभीर रोगों से बचाने के लिए इन कूड़ा बीनने वालों को हाथों के दस्ताने व पावों के जूते उपलब्ध करवाये जाये! कूड़ा बीनने वालों व कबाडिय़ों की हैल्थ व मेडिकल इंश्योरेंस पॉलिसी सरकार के द्वारा बनवाई जानी चाहिए! कूड़ा बीनने वाले बाल श्रमिकों व महिला श्रमिकों के हितों की रक्षा के लिए बोलते हुए दिनेश अबराल ने कहा कि इन को शिक्षित किया जाना चाहिए ताकि ये कूड़ा बीनने वाले व कबाड़ी लोग वेस्ट मैनेजमेंट की बढिय़ा तरीके से ट्रेनिंग ले सकें!

हरियाणा के गुरुग्राम से इस कार्यक्रम में प्रतिनिधि के रूप में आये हुए राजेंद्र सरोहा ने बताया कि हरियाणा में सरकार ने कूड़ा बीनने वाले श्रमिकों को कोई भी सुविधाएं नहीं दी! गुरुग्राम जैसे शहर में इन कूड़ा बीनने वाले श्रमिकों की हालात बहुत खराब है! नगर निगम के द्वारा इन को कोई वेतन नहीं दिया जाता! निगम के ठेकेदार इन कूड़ा बीनने वालों का शोषण करते है! अखिल भारतीय कबाड़ी महासंघ के संयोजक शशी बी पंडित ने बताया कि कबाडिय़ों के हितों की रक्षा के लिए वे निरंतर प्रयास कर रहे हैं और उनकी मूलभूत आवश्यकताओं की सुविधा दिलवाने के लिए एक बड़ा अभियान चलायेंगे! कार्यक्रम में आये हुए अतिथियों का स्वागत व धन्यवाद जेएनयू के प्रोफेसर प्रवीण कुशवाह ने किया!

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